आईआईटी कानपुर में सांख्यिकी एवं डेटा साइंस विभाग की स्थापना
Kanpur , 15 June 2026
Source: Information and Media Outreach Cell, IIT Kanpur
कानपुर, 15 जून 2026: भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान कानपुर, ने सांख्यिकी और डेटा साइंस के एक समर्पित विभाग की स्थापना को मंजूरी दे दी है। यह कदम शिक्षा, अनुसंधान और नवाचार को एक ऐसे क्षेत्र में सुदृढ़ करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि है, जो तेजी से विकसित हो रहा है।
नवगठित विभाग में आईआईटी कानपुर के इस क्षेत्र से जुड़े मौजूदा शैक्षणिक कार्यक्रमों को शामिल किया जाएगा, जिनमें बीएस–एमएस (सांख्यिकी एवं डेटा साइंस) कार्यक्रम, एमएससी (सांख्यिकी) कार्यक्रम तथा पीएचडी (सांख्यिकी) कार्यक्रम शामिल हैं। एमएससी कार्यक्रम (जिसमें प्रवेश JAM के माध्यम से होता है) 1970 के दशक से संचालित हो रहा है, जबकि बीएस–एमएस कार्यक्रम (जिसमें प्रवेश JEE के माध्यम से होता है) वर्ष 2021 से चल रहा है। अब ये सभी कार्यक्रम नवगठित सांख्यिकी और डेटा साइंस विभाग के अंतर्गत संचालित होंगे, जिससे शैक्षणिक पहचान, समन्वय और रणनीतिक विकास को और अधिक मजबूती मिलेगी। एमएससी कार्यक्रम के लिए कुल 60 सीटें तथा बीएस–एमएस कार्यक्रम के लिए लगभग 30 सीटें उपलब्ध होंगी।
यह नया विभाग आईआईटी कानपुर की सांख्यिकी, प्रायिकता और मात्रात्मक विज्ञान के क्षेत्र में दीर्घकालिक उपलब्धियों पर आधारित है। वर्षों से सांख्यिकी एवं प्रायिकता समूह ने एक सशक्त शैक्षणिक एवं शोध तंत्र विकसित किया है, जिसके अंतर्गत स्नातक, परास्नातक और डॉक्टरेट स्तर के कार्यक्रम संचालित किए जाते हैं तथा विविध क्षेत्रों में अंतःविषयक अनुसंधान में महत्वपूर्ण योगदान दिया जाता है। इस विभाग का उद्देश्य देश में सांख्यिकीय विज्ञान के अग्रणी केंद्र के रूप में स्थापित होना है। इस विषय के लिए एक पृथक शैक्षणिक पहचान की आवश्यकता पर लंबे समय से विचार किया जा रहा था, और सांख्यिकी एवं डेटा साइंस बीएस–एमएस कार्यक्रम की सफलता ने एक समर्पित शैक्षणिक इकाई की आवश्यकता को और अधिक स्पष्ट किया है।
इस नए शैक्षणिक विभाग की स्थापना वैश्विक एवं राष्ट्रीय रुझानों के अनुरूप भी है, जो आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और मशीन लर्निंग के तीव्र विकास से प्रेरित हैं, जहां विश्वसनीय, व्याख्यात्मक और भरोसेमंद प्रणालियों के निर्माण के लिए मजबूत सांख्यिकीय आधार अत्यंत आवश्यक है। वैश्विक स्तर पर योग्य सांख्यिकी विशेषज्ञों और प्रशिक्षित संकाय की कमी एक प्रमुख चुनौती बनी हुई है, और यह पहल उस अंतर को कम करने में योगदान देने का प्रयास करेगी।
विश्व स्तर पर हार्वर्ड, स्टैनफोर्ड, ऑक्सफोर्ड और यूसी बर्कले जैसे प्रमुख विश्वविद्यालयों में सांख्यिकी और डेटा साइंस के लिए समर्पित विभाग पहले से स्थापित हैं। भारत में ऐसे समर्पित विभाग सीमित हैं, विशेषकर विशेषज्ञ संस्थानों के बाहर, ऐसे में आईआईटी कानपुर अपनी मजबूत शैक्षणिक विरासत के कारण इस दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाने और देश में एक मानक स्थापित करने की विशिष्ट स्थिति में है।
आईआईटी कानपुर के बारे में
1959 में स्थापित भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान कानपुर को भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान अधिनियम, 1961 में के अंतर्गत राष्ट्रीय महत्व के संस्थान का दर्जा प्राप्त है। विज्ञान और इंजीनियरिंग शिक्षा में उत्कृष्टता के लिए प्रसिद्ध, आईआईटी कानपुर ने अनुसंधान और विकास में महत्वपूर्ण योगदान दिया है। इसका 1,050 एकड़ का हरा-भरा परिसर शैक्षणिक और अनुसंधान संसाधनों से समृद्ध है। संस्थान में 20 विभाग, तीन अंतर्विषयी कार्यक्रम, 27 केंद्र और तीन विशेष स्कूल हैं, जो इंजीनियरिंग, विज्ञान, डिजाइन, मानविकी एवं सामाजिक विज्ञान तथा प्रबंधन जैसे क्षेत्रों को समाहित करते हैं। 570 से अधिक पूर्णकालिक फैकल्टी और 9,500 से अधिक छात्रों के साथ, आईआईटी कानपुर नवप्रवर्तन और शैक्षणिक उत्कृष्टता में अग्रणी बना हुआ है।
अधिक जानकारी के लिए विजिट करें: www.iitk.ac.in